हाइकू
हाइकू
(५)
अठखेलियाँ
खेलता बचपन
लौट कर आ
(६)
आज एक हाइकू हमारी माँ ने पापा से कह दिया और हमने आप लोगो के लिये भेज दिया
🤗🤗
सुबह शाम
गर्मचाय पिलाना
हमारा काम
(७)
नव प्रभात
सुगन्धित पल्लव
नमन सखि
(८)
प्रेम वात्सल्य
नही आसक्ति प्रेम
प्रेम ही पूजा
(९)
प्रेम का नही
मोल कोई प्रेम तो
है अनमोल
(१०)
हमारा मन
शरारत करने
को ललचाये
(१२)
खिलखिलाता
बचपन ज्यूँ तारे
झिलमिलाते
(१३)
समां रंगीन
साथ गर तुम्हारा
मधुयामिनी
(१४)
माँ मज़बूत
पति पुत्र संमार्ग
नीड़ सुदृड़
(१५)
सुख समृद्धि
और धन वैभव
लाये सन्मति
(१६)
लाल चूनर
दुल्हन सजे और
सेहरा दूल्हा
(१८)
मदमस्त से
झोंके चलते हल्के
नींद ना आये
(१९)
दुपहरिया
बीत गयी परन्तु
धूप ना खिली
इरा जौहरी
२१)
मन बाबरा
ना माने ना बतिया
चाहे निंदिया
(२२)
प्रात: काल का दृश्य
पुष्प मुस्काये
भौंरे गुनगुनाये
लालिमा छाई
(२३)
चल उठ जा
अरुणोदय हुआ
बीती रतिया
इरा जौहरी
लखनऊ



