मीठे समोसे
मीठे समोसे !!!!!!
यूँ समोसे के नाम से मुँह मे चटपटा सा स्वाद आ जाता है पर आज हमने मेवा व मिठास मिला खोया भर कर मीठे समोसे बनाये है जो खाने मे बहुत ही मजा देते है छोटे होने के कारण कोई कम खाना चाहे तो वह भी बिना तोड़े खा सकता है ओवर यदि किसी को गिफ़्ट के तौर पर सफ़र मे खाने के लिये बाँधनी हो तो ओढ़ी आराम से मिठाई के डिब्बे मे पैक करके दिये जा सकते है
इस तरह से समोसे बनाने के पीछे भी एक कहानी है हर होली पर हम लोग अपनी सासूमाँ के लिये ये मीठे समोसे बनाते थे वो गुझिया नहीं खाती थी हलाँकि अब वो इस दुनिया में नहीं है फिर भी हम उनकी याद मे ये समोसे बनाते है गुझिया ना खाने की भी उनकी एक वजह थी उनके दूसरे नम्बर के बेटे को गुझिया बहुत पसन्द थी और वह कम उम्र मे ही उन्हे छोड़ कर सदा केलिये चले गये थे उनकी याद मे ही उन्होंने गुझिया खानी छोड़ दी थी
इरा जौहरी





