भाई दूज की हार्दिक शुभकामनाये!!!!!

भाई दूज की हार्दिक शुभकामनाये!!!!!
भाई बहन के प्यार को बढ़ाने वाला रिश्तों मे मज़बूती लाने वाला पर्व भाई दूज का दीपावली की परवा के बाद आता है कायस्थो के यहाँ आज के दिन चित्रगुप्त जी महाराज की पूजा की जाती है क़लम दावात की पूजा भी की जाती है हमारे यहाँ आटे से दिया बाती और अठौरी यानी आठ पूड़ियाँ बना कर उनसे पूजा की जाती है रोली आइपन रूई मे लगा कर उनसे भाई की मंगल कामना के लिये मनके जैसे बनाये जाते है और हमारे मायके मे रेशमी धागा भी कलाई पर टीका लगा कर बाँधा जाता है और आमतौर पर सभी जगह बहन भाई के टीका लगा कर मुँह मीठा करके मंगल कामना करती है और भाई बहन को उपहार देता है
इरा जौहरी
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भाईदूज की पूजा की तैयारी !!!
आइपन से जमीन पर बने भाई बहन और पूजा की थाली मे अठौरी और दिया बाती

मोयन पड़े आटे से बने दिया बाती को सुहागिन बहने मिठाई के साथ पूजा के बाद हमारी ससुराल मे खाती है

अठौरी मे आठ यानी चार जोड़ा पूड़ियाँ बनती है तो दो दो लोइया ऑ मिला कर चार जोड़े की चार पूड़ियाँ पूजा की और एक जोड़ा गाय की और एक एक दिया बाती जितने लोगो को खाना होता है बस उतने ही दिया बाती बनाये जाते है

जहाँ पर गोबर्धनकी पूजा होती है वहीँ पर यह रचना की जाती है और भाई दूज की पूजा मे ही चित्रगुप्त जी महाराज और कलम दवात की भी पूजा की जाती है

रूई मे आइपन और रोली लगा कर मनके की तरह की माला बना कर जितने भाई होते है उतनी छोटी छोटी मालाये उनकी मंगल कामना के लिये बनाई जाती है

दियेबाती पर रखी मिठाई अठौरी और मंगल कामना रे लिये बनी रुई की माला

काग़ज़ पर राम राम लिख कर अपने ईष्टदेव का नाम लिख कर पूजा करते है हमारी लाड़ली अपने प्यारे भइया के टीका करती हुई

हमारी लाड़ली अपने प्यारे भइया के टीका करती हुई

भाई बहन दोनो खुश