पलायन
चित्र आधारित लघुकथा पलायन इंसान ने ही बनाये ये भवन ऊँची अट्टालिकायें , राकेट , हवाई जहाज़ ,बिजली और हवा से बातें करने वाली गाड़ियाँ जिनका इस्तमाल करके वह नये युग मे ढेर सारी सुविधाओं का उपभोग कर सकता है पर इतना सब करने के बाद भी ऐसा क्यूँ है कि हम इंसानों का ही […]
हवा का रुख़
लघुकथा हवा का रुख़ नौकरी के कारण विदेश में रह रहे बेटे से माँ ने घर में आने पर कई बार घर की जर्जर होती दीवारों का ज़िक्र किया परन्तु हर बार अनसुना कर के वह चला जाता था आख़िर में माँ ने सब कहना छोड़ दिया ।इस बार घर आनें पर बेटे ने सारे […]
बचपन याद आता है
❆ काव्य सृजन – कविता ❆ विषय – बचपन याद आता है ❆ तिथि – 18 जून 2018 ❆ वार – सोमवार अमवा की छाँव तले वो सहेलियों संग गप्पे लड़ाना फिर मौक़ा पा कर नमक के साथ कच्ची कैरी चबाना दिन दुपहरी भाग कर घर के पिछवाड़े सहेलियों संग जाना और पीपल की छइया […]
जीवन के मधुर पलों से जुड़े कुछ हाइकू
जीवन से मधुर पलो से जुड़े कुछ हाइकू (३०) उदित सूर्य जीवन नव प्रभात मंगल भव (३२) बेटी चिड़िया बाबुल तरुवर चली परदेश (३३) चली मगन फुदकती चिड़िया सूना आँगन (३४) विदा की बेला प्रियतम मिलन सुखद समां (३५) हो गयी जब बिटिया की बिदाई हृदय डूबा ३६) चली मगन फुदकती चिड़िया सूना आँगन (३७) […]
बोलती तस्वीर -गद्य व पद्य
*बोलती तस्वीर *वार -सोमवार *तिथि – १२/२/२०१८ बाँस पर चलना कितना मुश्किल होता है कोई नही समझता पेट की ख़ातिर सब करना पड़ता है ।नृत्य करते समय दिखावटी अच्छे कपड़े पहनने पड़ते है वरना तो ना रहने को घर है और ना ही सर पर छत ,वो तो भला हो कि पुश्तैनी कला का जो […]
